Home योग और स्वास्थ्य गिलोय का काढ़ा: कोरोना वायरस से बचने की अद्धभुत औषधि

गिलोय का काढ़ा: कोरोना वायरस से बचने की अद्धभुत औषधि

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इस वक़्त देश में कोरोना के संकट के कारण लॉकडाउन है, वही देश में रोगियों को संख्या भी बढ़ती जा रही है। हालांकि देश में अभी भी तीसरी स्टेज के लक्षण नहीं दिखाई दे रहे है वहीं देश में अन्य देशो के मुकाबले रोगियों की संख्या में उतनी वृद्धि नहीं हुई है जिस पर कई नए नए शोध भी सामने आ रहे है।

अन्य देशों के मुकाबले चाहे नए मरीज कम मिलना हो या मौत का आकंड़ा उतना नहीं होना जितना इस वायरस के कारण होता है, इन सबके पीछे जो एक चीज़ निकलकर जो आ रही है वो है हमारी खान पान के प्रति सावधानी और संतुलित दिनचर्या। खुद यूएस के डॉक्टर्स ने इस बात को माना है भारतीय लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता इतनी अधिक है की कोरोना उपेक्षाकृत इस देश में उतना कहर नहीं बरपा पा रहा है।

ऐसे में स्वामी रामदेव के योगदान की जितनी तारीफ़ की जाए उतनी कम है, उन्होंने अपने योग से, अपने प्राणायाम के ज़रिये देश के लाखों लोगो को एक ऐसी स्वस्थ्य जीवन शैली प्रदान की जो आज उन्हें कोरोना वाइरस से लड़ने में मदद दे रही है। और आज उसी कड़ी में हम बात करने वाले है गिलोय के काढ़े की जिससे कोरोना आपका कुछ नहीं बिगाड़ सकता।

स्वामी जी कहते है प्लेटलेट बढ़ाने के लिए इस संसार में गिलोय से अच्छी कोई औषधि नहीं है, गिलोय को पहले छोटे छोटे टुकड़ों में पीस लेते है और फिर उसको उबाल लेते है। उबलने के बाद छान कर इसको पीना चाहिए। साथ में हल्का सा शहद चाट ले तो अच्छा रहेगा। ये मधुमेह के इलाज़ में भी रामबाण का काम करता है।

स्वामी जी कहते है की गिलोय ताजा होनी चाहिए, आप चाहे तो टुकड़ों को रात में भिगो कर रख सकते है। स्वामी जी कहते है की जरुरी नहीं आप बीमार हो तो ही यह काढ़ा पीये, आप अगर स्वथ्य है तो भी यह काढ़ा पीजिये ताकि आप कोरोना वायरस के खतरे से बचे रहे।

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