Home बड़ी खबर बिहार सरकार ने बनाया नया एप, बाहर से आ रहे मजदूरों का तैयार हुआ डाटा

बिहार सरकार ने बनाया नया एप, बाहर से आ रहे मजदूरों का तैयार हुआ डाटा

4 second read
0
0
143

पटना। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के निर्देश पर लॉकडाउन के दौरान बाहर से आ रहे मजदूरों के स्किल सर्वे का काम शुरू कर दिया गया है। जल्द ही स्किल्ड मजदूरों का डाटाबेस तैयार कर लिया जाएगा। इसके बाद उनकी क्षमता के अनुसार उन्हें रोजगार उपलब्ध कराएगी राज्य सरकार। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के सचिव अनुपम कुमार ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि इसके लिए ऐप बना लिया गया है।  

उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद  मुख्य सचिव दीपक कुमार ने क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप की बैठक की और सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि मनरेगा में ज्यादा-से-ज्यादा लोगों को काम दिलाएं। कोरोना संक्रमण से उत्पन्न स्थिति को लेकर किये जा रहे कार्यों की जानकारी स्थानीय विधायकों को भी दें और उनका सुझाव भी लें। उन्होंने कहा कि प्रखंड स्तर पर बने क्वारनटाइन सेंटर पर लोगों की सुविधा के लिए बेहतर भोजन और आवासन की उपलब्धता सुनिश्चित करें। प्रखंड स्तरीय 3060 क्वारनटाइन सेंटर अभी बने हैं, जिसमें 17577 लोग रह रहे हैं।

प्रवासी मजदूरों के कौशल जांच में ना हो कोताही 

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि बाहर से आने वाले प्रवासी मजदूरों के कौशल क्षमता की जांच के लिए कराया जा रहा सर्वे बेहतर ढंग से हो, यह सुनिश्चित करें। इसमें कोई कोताही नहीं हो, ताकि क्वारंटाइन अवधि के बाद उनकी क्षमता का बेहतर उपयोग हो सके। इससे राज्य की अर्थव्यवस्था में इनका महत्वपूर्ण योगदान होगा। राज्य के विकास में भी गति आएगी। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव एवं अन्य वरीय अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की और कोरोना संक्रमण की रोकथाम को लेकर किये जा रहे उपायों पर विस्तृत चर्चा की। साथ ही कई निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिया कि रोजगार सृजन के कार्यों की भी गहन मॉनिटरिंग करें। ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों को रोजगार उपलब्ध हो सके। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी एक्ट (मनरेगा) के कार्यों की सघन निगरानी करते रहें। मनरेगा में बड़ी संख्या में मानव दिवस सृजित कराएं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़ी संख्या में लोग बाहर से आ रहे हैं, उनकी विधिवत स्क्रीनिंग कराएं। प्रोटोकॉल के अनुसार जांच की कार्रवाई भी की जाय। जिला स्तर पर भी कोरोना जांच की व्यवस्था शीघ्र सुनिश्चित कराएं। ताकि अधिक से अधिक लोगों की जांच शीघ्रता से जिले में ही हो सके। उन्होंने कहा कि जिले के जांच केंद्र निर्धारित मानकों के अनुसार संचालित हो

Load More By Bihar Desk
Load More In बड़ी खबर

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also

झारखंड के धनबाद जिला अंतर्गत आमाघाटा मौजा में 30 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के बेनामी जमीन का हुआ खुलासा

धनबाद : 10 एकड़ से अधिक भूखंड का कोई दावेदार सामने नहीं आ रहा है. बाजार दर से इस जमीन की क…